Salheona Crusher Worker Death : बाबा बैद्यनाथ मिनरल्स में श्रमिक की संदिग्ध मौत! रातों-रात शव छुपाने की कोशिश
Baramkela News : सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिले के तहसील सरिया क्षेत्र (Salheona Crusher Worker Death) के साल्हेओना-कटंगपाली इलाके में संचालित क्रशर खदानें अब मजदूरों के लिए डेथ ट्रैप (मौत का कुआं) साबित हो रही हैं। इन संस्थानों में मुनाफे के चक्कर में सुरक्षा के सारे कायदे-कानूनों की धज्जियां उड़ाई जा रही हैं। ताजा मामला साल्हेओना स्थित ‘बाबा बैद्यनाथ मिनरल्स’ का है, जहां रविवार-सोमवार की दरमियानी रात करीब 12 बजे एक 25 वर्षीय युवा श्रमिक रवि विशाल की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। इस खौफनाक हादसे के बाद क्रशर प्रबंधन की संवेदनहीनता और कूटनीतिक चालाकी भी सामने आई है, जहां अपनी गर्दन बचाने के लिए इस संदिग्ध मौत को बीमारी का रूप देने की पूरी कोशिश की जा रही है।
जानकारी के अनुसार, मृतक रवि विशाल (पिता राजकुमार, उम्र 25 वर्ष, निवासी घोघरा, थाना डोंगरीपाली) क्रशर (Salheona Crusher Worker Death) में काम कर रहा था। रात को अचानक घटी इस घटना के बाद क्रशर के कर्मचारी स्थानीय कोटवार, सरपंच या किसी भी जनप्रतिनिधि को सूचना दिए बिना, आनन-फानन में शव को उठाकर रातों-रात बरमकेला के सरकारी अस्पताल ले गए। सोमवार सुबह डा. संजय पटेल ने शव का पोस्टमार्टम कर उसे परिजनों को सौंप दिया। डाक्टर के मुताबिक युवक के शरीर पर बाहरी चोट के निशान नहीं थे, और वास्तविक कारणों का खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही होगा।
करंट लगने से मौत की आशंका, प्रबंधन की सफाई पर उठे सवाल
क्रशर (Salheona Crusher Worker Death) में काम करने वाले अन्य प्रत्यक्षदर्शियों और सूत्रों का कहना है कि रवि विशाल मशीन के ऊपर चढ़कर काम कर रहा था। इसी दौरान वह अचानक धड़ाम से नीचे गिर गया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। कयास लगाए जा रहे हैं कि मशीन में फैले कड़े करंट की चपेट में आने से यह हादसा हुआ। दूसरी तरफ, अपनी जवाबदेही से पल्ला झाड़ते हुए क्रशर मालिक राजकुमार अग्रवाल ने अजीबोगरीब सफाई दी है। प्रबंधन का दावा है कि रवि को कोई पुरानी बीमारी थी और रात को खाना खाने के बाद उल्टी होने पर उसे अस्पताल भेजा गया था। इस गोलमोल बयानबाजी के बाद क्रशर प्रबंधन की भूमिका पर गंभीर सवालिया निशान खड़े हो गए हैं।
भला-चंगा था युवक, परिजनों ने लगाया सच छुपाने का आरोप
परिजनों ने क्रशर मालिक (Salheona Crusher Worker Death) के बीमारी वाले दावे को पूरी तरह खारिज करते हुए कड़ा आक्रोश जताया है। उनका कहना है कि रवि पूरी तरह स्वस्थ था और गांव में सक्रिय रूप से क्रिकेट खेलता था। अपनी शादी के खर्च के लिए कुछ पैसे कमाने की खातिर वह महज एक महीना पहले ही इस क्रशर में मजदूरी करने आया था। परिजन के मुताबिक, मृतक का शरीर अंदरूनी कारणों से अलग दिखाई दे रहा था, जो सीधे तौर पर करंट लगने या किसी बड़े हादसे की ओर इशारा करता है। मृतक अपने बूढ़े मां-बाप का इकलौता सहारा और चार बहनों में सबसे छोटा भाई था, जिसकी मौत से पूरे परिवार की आजीविका छिन गई है।
Salheona Crusher Worker Death पीएम रिपोर्ट के बाद ही साफ होगा सस्पेंस
इस पूरे मामले में बरमकेला थाने की विवेचना अधिकारी झटकांति सिदार का कहना है कि शुरुआती पंचनामा कार्रवाई में मौत का स्पष्ट कारण सामने नहीं आया है। शव का पोस्टमार्टम करा दिया गया है और रिपोर्ट आने के बाद ही मौत की असली वजह साफ हो पाएगी। बहरहाल, स्थानीय ग्रामीणों और श्रमिक संगठनों ने बिना सुरक्षा उपकरणों के काम कराने वाले इस क्रशर संस्थान के खिलाफ कड़ाई से एफआईआर दर्ज करने और पीड़ित परिवार को उचित मुआवजा देने की मांग तेज कर दी है।